संयुक्त व्यंजन किसे कहते हैं, संयुक्त व्यंजन क्या होते हैं और संयुक्त व्यंजन कितने होते हैं?

Sanyukt Vyanjan In Hindi – हिंदी भाषा का साहित्य बहुत बड़ा है। हिंदी भाषा को अच्छी तरह से सीखने और समझने के लिए सबसे पहले हिंदी स्वर और हिंदी व्यंजन का पूरा ज्ञान होना आवश्यक है।

आज के इस लेख में हम आपको संयुक्त व्यंजन किसे कहते हैं, संयुक्त व्यंजन क्या होते हैं और संयुक्त व्यंजन कितने होते हैं आदि के बारे में जानकारी देने वाले है। अगर आप उपरोक्त जानकारी प्राप्त करना चाहते है तो हमारे आज के इस लेख संयुक्त व्यंजन को अंत तक अवश्य पढ़े। तो आइये जानते है संयुक्त व्यंजन इन हिंदी (Sanyukt Vyanjan In Hindi) –

संयुक्त व्यंजन किसे कहते हैं उदाहरण सहित (Sanyukt Vyanjan Kise Kahate Hain In Hindi)

जो व्यंजन 2 या दो से अधिक व्यंजनों के मेल से बनते हैं, उन्हें संयुक्त व्यंजन कहते हैं। एक प्रकार से संयुक्त व्यंजन एक प्रकार का व्यंजन है। संयुक्त व्यंजन में पहला व्यंजन स्वर रहित होता है तथा दूसरे व्यंजन में स्वर होता है अर्थात् पूर्ण व्यंजन होता है।

दूसरे शब्दों में, ऐसे वर्ण या अक्षर जिनमें दो व्यंजन वर्णों का उच्चारण एक साथ हो और उनके बीच में कोई स्वर वर्ण न हो, संयुक्त व्यंजन वर्ण कहलाते हैं।

संयुक्त व्यंजन के उदाहरण है – क् + ष = क्ष। इसमें क्ष व्यंजन दो व्यंजनों (क् + ष) के मेल से बना है।

संयुक्त व्यंजन कितने होते हैं (Sanyukt Vyanjan Kitne Hote Hindi Mein)

हिंदी वर्णमाला में संयुक्त व्यंजनों की कुल संख्या 4 है। ये चार वर्ण है – क्ष, त्र, ज्ञ और श्र।

जब दो अलग-अलग व्यंजन एक साथ आते हैं तो उनका मूल स्वरूप बदल जाता है। उदाहरणार्थ, श् + र = श्र, इनमें ‘श’ स्वर रहित है जबकि ‘र’ में स्वर है। जब ये दोनों मिलते हैं तो इनका मूल रूप बदलकर ‘श्र’ हो जाता है।

उदाहरण के लिए –

क् + ष = क्ष
त् + र = त्र
ज् + ञ = ज्ञ
श् + र = श्र

क्ष, त्र, ज्ञ और श्र से बनने वाले कुछ शब्द –

क्ष – क्षमा, क्षय, क्षण, कक्षा, रक्षा, यक्ष, मोक्ष, भिक्षा, शिक्षा, परीक्षा, पक्षी, क्षत्रिय, अक्षर, समक्ष, आकांक्षा, मीनाक्षी, अध्यक्ष, परीक्षित।

त्र – मित्र, पत्र, पुत्र, नेत्र, चरित्र, चित्र, तंत्र, त्रुटि, पत्र, पात्र, चित्र, गोत्र, मंत्र, सत्र, मूत्र, वस्त्र, सर्वत्र, त्रिशूल, त्रिपुरा, कृत्रिम, एकत्रित।

ज्ञ – ज्ञान, ज्ञानी, ज्ञाता, यज्ञ, आज्ञा, ज्ञानी, अज्ञात , अज्ञान, विज्ञान, सर्वज्ञ, जिज्ञासा, अल्पज्ञ, ज्ञातव्य, अनभिज्ञ, विज्ञापन, विशेषज्ञ, वैज्ञानिक।

श्र – श्रेष्ठ, श्रद्धा, श्रुति, श्राप, श्रमिक, श्रवण, श्रीमान, श्रृंखला, श्रमिक, आश्रम, आश्रित, परिश्रम, मिश्रण, विश्राम, कुलश्रेष्ठ, श्रीमती, श्रीलंका।

संयुक्त व्यंजन से बने कुछ शब्दों के उदहारण (Sanyukt Vyanjan Example In Hindi)

र् + ष = र्ष = हर्षित, हर्ष
र् + म = र्म = धर्म, कर्म, चर्म
र् + य = र्य = सूर्य, धैर्य, कार्य
र् + थ = र्थ = अर्थ, तीर्थ, स्वार्थ
र् + प = र्प = सर्प, दर्पण, चर्परा
त् + र = त्र = पत्र, मित्र, त्रिभुज
भ् + र = भ्र = भ्रांति, भ्राता, भ्रम
द् + र = द्र = द्रोपदी, द्रुत, द्रोह
ब् + र = ब्र = ब्राह्मण, ब्रज, ब्रेक
ट् + र = ट्र = ट्रक, ट्रेन, ट्रेडमार्क
ग् + र = ग्र = ग्रीष्म, ग्राम, ग्राहक
र् + व = र्व = आशीर्वाद, गर्व, पर्व
र् + क = र्क = मार्कर, पार्क, तर्क
श्+ र = श्र = परिश्रम, श्रद्धा, श्रेणी
क् + र = क्र = क्रम, क्रिकेट, क्रोध
प् + र = प्र = प्रचार, प्रकाश, प्रयोग
र् + च = र्क = खर्चा, मिर्ची, खर्चीला
ड् + र = ड्र = ड्राइवर, ड्रॉइंग, ड्रामा

FAQs

संयुक्त व्यंजन की परिभाषा क्या है?
जो व्यंजन 2 या दो से अधिक व्यंजनों के मेल से बनते हैं, उन्हें संयुक्त व्यंजन कहते हैं।

संयुक्त व्यंजन का उदाहरण क्या है?
संयुक्त व्यंजन के उदाहरण है – क् + ष = क्ष, त् + र = त्र, ज् + ञ = ज्ञ, श् + र = श्र।

संयुक्त व्यंजन कौन से हैं लिखिए?
क्ष, त्र, ज्ञ श्र संयुक्त व्यंजन है।

संयुक्त व्यंजन कितने प्रकार के होते हैं?
संयुक्त व्यंजन चार प्रकार के है – क्ष, त्र, ज्ञ और श्र।

संयुक्त व्यंजन कौन नहीं है?
य संयुक्त व्यंजन नहीं है।

क्ष त्र ज्ञ और श्र को क्या कहा जाता हैं?
क्ष त्र ज्ञ श्र को संयुक्त व्यंजन कहा जाता है।

निष्कर्ष (Conclusion)

आज के इस लेख में हमने आपको संयुक्त व्यंजन किसे कहते हैं, संयुक्त व्यंजन क्या होते हैं और संयुक्त व्यंजन कितने होते हैं आदि के बारे में जानकारी दी है। हमे उम्मीद है आपको यह लेख अच्छा लगा होगा। अगर आपको यह लेख संयुक्त व्यंजन क्या होते हैं (Sanyukt Vyanjan Kya Hote Hai) अच्छा लगा है तो इसे अपनों के साथ भी शेयर करे।

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