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बाइक की सर्विस कितने किलोमीटर पर होनी चाहिए, बाइक सर्विसिंग टिप्स इन हिंदी

बाइक की सर्विस कितने किलोमीटर पर होनी चाहिए – अगर आपकी बाइक या स्कूटर बार-बार सर्विस मांगता है तो यहां हम आपको कुछ जरूरी टिप्स दे रहे हैं जो आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकते हैं।

अक्सर देखा जाता है कि लोगों की बाइक और स्कूटर में कोई न कोई खराबी आती ही रहती है। कहने का मतलब यह है कि लोग अपनी बाइक और स्कूटर का खूब इस्तेमाल करते हैं, लेकिन जब उनकी देखभाल करने की बारी आती है तो सर्विस पर कोई ध्यान नहीं देता। कुछ पैसे देकर लोग स्थानीय स्थान से सर्विस करवाते हैं और बाद में नुकसान उठाना पड़ता है। और बार-बार खर्च बढ़ने लगता है।

ऐसे में हम आपको बाइक की सर्विस कितने किलोमीटर पर होनी चाहिए, बाइक की सर्विस कब करनी चाहिए की जानकारी दे रहे हैं जो आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकती हैं। तो आइये जानते है –

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बाइक की सर्विस करवाते समय कई काम करने होते हैं, जिसमें मुख्य रूप से इंजन ऑयल बदलना शामिल होता है। इसके अलावा एयर फिल्टर को बदलना चाहिए, आयल फिल्टर को बदलना चाहिए, कार्बोरेटर को साफ करना चाहिए, प्लग को साफ करवाना चाहिए, टैपेट की जांच करवानी चाहिए, ब्रेक शूज की जांच करवानी चाहिए, इंडिकेटर, लाइट्स, चेन स्पोक आदि की जांच करवानी चाहिए।

बाइक की सर्विस कितने किलोमीटर पर होनी चाहिए, बाइक की सर्विस कब करनी चाहिए (Bike Ki Service Kitne Kilometre Per Honi Chahiye)

बाइक की सर्विस करवाते समय सबसे जरूरी बात यह है कि अगर आपकी बाइक नई है तो आपको उसकी पहली सर्विस 700 किमी पर, दूसरी सर्विस 2500 किमी पर, तीसरी सर्विस 5000 किमी पर करवानी चाहिए। इसके बाद हर 3000 किमी के बाद बाइक की सर्विस कराते रहना जरूरी है। अगर आपने बाइक की सर्विस समय पर नहीं कराई तो उसके पुर्जे खराब होने लगेंगे, जिससे आपको भारी खर्चा उठाना पड़ सकता है।

समय-समय पर आपकी बाइक/स्कूटर की सर्विस हमेशा ऑथराइज्ड सर्विस सेंटर पर ही होनी चाहिए। स्थानीय स्थान से सर्विस कराने से बचना चाहिए। सर्विस के दौरान इंजन ऑयल को बदलना सबसे जरूरी होता है, ताकि इंजन सुचारू रूप से चले। कोशिश करें कि बाइक/स्कूटर के इंजन ऑयल को हर 1500-2000 किलोमीटर पर चेक करवाएं या जब तक इंजन ऑयल कम या काला न हो जाए। इसके अलावा बाइक के चेन सेट को भी चेक करवा लें।

बाइक सर्विसिंग टिप्स इन हिंदी (Bike Servicing Tips In Hindi)

अक्सर लोग इंजन में लगे स्पार्क प्लग पर ध्यान नहीं देते हैं, जिससे कई बार इंजन को स्टार्ट करने में दिक्कत होती है। इसलिए स्पार्क प्लग को 1500-2000 किलोमीटर पर बदल देना चाहिए।

गाड़ी में लगे एयर फिल्टर की सफाई बहुत जरूरी होती है, अक्सर लोग इसे नजरअंदाज कर देते हैं जिससे इंजन की परफॉर्मेंस पर असर पड़ता है। इसलिए जरूरी है कि एयर फिल्टर को समय-समय पर साफ करते रहें।

सप्ताह में एक बार अपनी बाइक या स्कूटर के दोनों टायरों में हवा के दबाव की जांच अवश्य करें, हवा कम या ज्यादा होने से वाहन के प्रदर्शन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। इतना ही नहीं, समय-समय पर व्हील बैलेंसिंग करवाना भी फायदेमंद होता है। अगर टायर घिस गए हैं या फटने लगे हैं तो उन्हें तुरंत बदल देना चाहिए।

बाइक हो या स्कूटर, समय-समय पर इनकी बैटरी चेक करते रहें। इस बात पर भी ध्यान दें कि कहीं बैटरी में कोई लीकेज तो नहीं हो रहा है, अगर ऐसा है तो उसे तुरंत ठीक करा लेना ही बेहतर है।

ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री के तमाम जानकारों का कहना है कि बाइक के हर 1500 किलोमीटर के बाद कार्बोरेटर को एक बार जरूर साफ करना चाहिए।

बाइक की सर्विस करवाते समय इस बात पर ध्यान देना चाहिए कि मैकेनिक जरूरी पैरामीटर्स का पालन कर रहा है या नहीं। सर्विस के दौरान जरूरत पड़ने पर ब्रेक ऑयल भी बदल लेना चाहिए। इसके अलावा चेन को साफ करना चाहिए और अंत में हाई प्रेशर वाले पानी से बाइक की धुलाई करवानी चाहिए। इससे बाइक के इंजन और अन्य जगहों पर मौजूद धूल तुरंत हट जाती है।

FAQs For Bike Servicing Tips In Hindi

क्या मुफ्त सर्विसिंग के लिए ऑयल शुल्क देना होगा?
हाँ! कई बार फ्री सर्विस करवाने पर ऑयल चेंज करवाने का चार्ज देना पड़ सकता है। यह सेवा सेंटर की पॉलिसी पर निर्भर करती है कि वे आपसे शुल्क लेंगे या नहीं। लेकिन ज्यादातर मामलों में आपको इसके लिए पैसे चुकाने पड़ते हैं।

निष्कर्ष

आज के इस लेख में हमने आपको बाइक की सर्विस कितने किलोमीटर पर होनी चाहिए, बाइक की सर्विस कब करनी चाहिए, इसके बारे में जानकारी दी है। हमे उम्मीद है आपको यह लेख अच्छा लगा होगा, अगर आपको यह लेख बाइक की सर्विस कितने किलोमीटर पर होनी चाहिए अच्छा लगा है तो इसे अपनों के साथ भी शेयर करे।

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